क्यों गर्म हो जाता है स्मार्टफोन? जानें कैसे अपने फोन को ओवर हीटिंग से बचाएं

आजकल स्मार्टफोन (Smartphone) हमारी रोजमर्रा की ज़िंदगी का ज़रूरी हिस्सा बन चुका है. कॉल करना हो, मेल भेजना हो, इंटरनेट का इस्तेमाल करना हो या फिर डिजिटल भुगतान करना हो, आजकल सभी छोटे बड़े काम के लिए हम अपने स्मार्टफोन पर निर्भर होते हैं. कई बार ज्यादा इस्तेमाल करने के कारण स्मार्टफोन गर्म होने लगता है. स्मार्टफोन का ज्यादा गर्म होना खतरनाक भी हो सकता है, इससे आपके फोन की बैटरी भी फट सकती है.

आखिर क्यों होती है ओवरहीटिंग की समस्या? हेवी ग्राफिक्स और लार्ज एप्लिकेशन का ज्यादा इस्तेमाल भी फोन को गर्म कर सकता है.
>>फोन में ज्यादा एप्लिकेशन, गेम या अन्य सॉफ्टवेयर डाउनलोड करने के कारण ये समस्या होती है.
>>कुछ मामलों में, फोन की कॉम्युनिकेशन यूनिट और कैमरा भी गर्मी का कारण बनता है.
कैसे बचें ओवर हीटिंग से? फोन को गर्म करने से न सिर्फ इसे इस्तेमाल करना चुनौतीपूर्ण हो जाता है बल्कि इसकी परफॉर्मेंस भी खराब हो जाती है. तो चलिए जानते है इस समस्या से कैसे निजात पाया जा सकता है-
फोन कवर का इस्तेमाल करें स्मार्टफोन के गर्म होने का एक बड़ा कारण है मोबाइल कवर. तेज धूप और गर्म वातावरण का असर भी मोबाइल पर पड़ता है. मोबाइल कवर भी अंदर की गर्मी को बाहर नहीं आने देते और फोन की कूलिंग में बाधा डालते हैं. फोन के कवर को समय-समय पर हटाना जरूरी है और अगर इस्तेमाल में नहीं है तो स्मार्टफोन को पंखे के नीचे रखें.
स्मार्टफोन को कभी फुल चार्ज न करें कभी भी स्मार्टफोन को 100% चार्ज नहीं करना चाहिए. हमेशा अपने फोन में 90 फीसदी या उससे कम बैटरी रखें. इतना ही नहीं फोन की बैटरी को 20% से नीचे न जाने दें. बार-बार बैटरी चार्ज करने से ओवरहीटिंग हो जाती है, और अगर फोन में कम बैटरी है तो ये इसकी लाइफ के लिए नुकसान दायक हो सकता है. अपने फोन को दिन में 2-3 बार ही चार्ज करें.
बैकग्राउंड ऐप्स बंद करें अगर आप किसी ऐप का उपयोग नहीं कर रहे हैं, तो उन्हें बैकग्राउंड से बंद कर दें. बैकग्राउंड में ऐप चलते रहते हैं जो फोन को ओवरहीट भी कर सकती हैं. आप जिन ऐप्स का उपयोग नहीं कर रहे हैं, उन्हें बंद करने के लिए ऐप आइकन पर फोर्स स्टॉप को सेलेक्ट कर लें.
ओरिजिनल चार्जर और USB का इस्तेमाल करें- अपने स्मार्टफोन को डुप्लीकेट या सस्ते चार्जर से चार्ज करने से स्मार्टफोन में ओवरहीटिंग की समस्या हो सकती है. इतना ही नहीं बैटरी फटने का खतरा भी होता है.

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