Khagaria: फर्जी दरोगा झाड़ता था वर्दी का रौब, थाने में भी कई दिन तक किया काम, पोल खुली तो हुआ गिरफ्तार



जागरण संवाददाता, खगड़िया। खगड़िया में बुधवार को एक फर्जी दरोगा को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार फर्जी दरोगा सुपौल के वार्ड नंबर सात का रहने वाला है।
दयानंद यादव के पुत्र फर्जी दरोगा अजय यादव की गिरफ्तारी जेल के समीप पप्पू पासवान के मकान से की गई है।
सूचना पर एसपी अमितेश कुमार के निर्देश पर चित्रगुप्तनगर थानाध्यक्ष संजीव कुमार के नेतृत्व में दरोगा पंकज यादव व अन्य के द्वारा की गई कार्रवाई में फर्जी दरोगा को पकड़ा गया है।

उसके आवास से वर्दी, नेम प्लेट, लैपटॉप, तीन मोबाइल भी बरामद किए गए हैं। गिरफ्तार फर्जी दरोगा पिछले तीन महीने से उक्त मकान में किराए पर रह रहा था।
आसपास के लोग फर्जी दरोगा को अजय बाबू कहते थे। वह आमजनों के बीच बीपीएससी व यूपीएससी पास करने की बात कहकर प्रभाव जमा रहा था।
फर्जी दरोगा से जब थानाध्यक्ष संजीव कुमार ने पूछताछ की, तो उसने बताया कि 2 नवंबर 2022 को वह खगड़िया पुलिस लाइन में नए दारोगा के रूप में योगदान किया है और समाहरणालय के क्राइम ब्रांच में प्रतिनियुक्त है।
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फर्जी दरोगा ने अपना नियुक्ति पत्र भी दिया। एसपी के आदेश पर जब उक्त दरोगा के बारे में नेट और पुलिस लाइन में सत्यापन किया गया तो वह फर्जी निकला।
नए दरोगा का योगदान सूची में उसका नाम नहीं था, ऐसे में उसकी बात गलत निकली। थानाध्यक्ष ने बताया कि केस दर्ज कर उसे जेल भेज दिया गया है।

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